Contact for Advertisement 9919916171


छत्तीसगढ़: महिला सशक्तिकरण की दिशा में पहल, सरस्वती स्व-सहायता समूह को मिला ई-रिक्शा

- Photo by : social media

छत्तीसगढ़  Published by: Prabhesh Mishra , Date: 21/10/2026 05:33:40 pm Share:
  • छत्तीसगढ़
  • Published by: Prabhesh Mishra ,
  • Date:
  • 21/10/2026 05:33:40 pm
Share:

संक्षेप

छत्तीसगढ़: सूरजपुर महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत जिले में आजीविका संवर्धन के प्रयास किए जा रहे हैं।

विस्तार

छत्तीसगढ़: सूरजपुर महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत जिले में आजीविका संवर्धन के प्रयास किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में जिला पंचायत की ओर से विकासखंड सूरजपुर की ग्राम पंचायत गिरवरगंज स्थित सरस्वती महिला स्व-सहायता समूह को ई-रिक्शा प्रदान किया गया।

जिला पंचायत परिसर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) विजेन्द्र सिंह पाटले ने समूह की महिलाओं को ई-रिक्शा सौंपा और हरी झंडी दिखाकर उसे रवाना किया। इस अवसर पर उन्होंने समूह की महिलाओं को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

जिला पंचायत सीईओ विजेन्द्र सिंह पाटले ने कहा कि शासन की आजीविकामूलक योजनाओं का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराकर उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है। ई-रिक्शा मिलने से समूह की महिलाओं को आय अर्जित करने का नया साधन मिला है। इससे उन्हें नियमित आमदनी प्राप्त करने और अपने परिवार की आर्थिक स्थिति बेहतर बनाने में मदद मिलेगी।

गौरतलब है कि सरस्वती महिला स्व-सहायता समूह को बैंक लिंकेज के माध्यम से ई-रिक्शा खरीदने के लिए वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई गई है। इस पहल से समूह की महिलाओं को स्वरोजगार का अवसर मिला है, जिससे वे आत्मनिर्भर बनने की दिशा में आगे बढ़ सकेंगी।

ई-रिक्शा मिलने पर समूह की महिलाओं ने खुशी जाहिर करते हुए जिला प्रशासन और राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इस पहल से उन्हें आजीविका का नया साधन मिला है और अपनी आय बढ़ाने का अवसर प्राप्त हुआ है।

कार्यक्रम में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के अधिकारी, जिला पंचायत के कर्मचारी और सरस्वती महिला स्व-सहायता समूह की महिलाएं उपस्थित रहीं। यह पहल ग्रामीण महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ने और महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।


Featured News