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राजस्थान: 79वें निरंकारी संत समागम की तैयारियां अंतिम चरण में, टोंक से करीब 700 श्रद्धालु होंगे शामिल

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राजस्थान  Published by: Shahihurehman , Date: 21/10/2026 03:46:07 pm Share:
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  • 21/10/2026 03:46:07 pm
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संक्षेप

राजस्थान: समालखा स्थित संत निरंकारी आध्यात्मिक स्थल पर 23 से 26 अक्टूबर 2026 तक आयोजित होने वाले 79वें वार्षिक निरंकारी संत समागम की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं।

विस्तार

राजस्थान: समालखा स्थित संत निरंकारी आध्यात्मिक स्थल पर 23 से 26 अक्टूबर 2026 तक आयोजित होने वाले 79वें वार्षिक निरंकारी संत समागम की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। इस समागम में देश-विदेश से हजारों श्रद्धालु शामिल होंगे। वहीं, राजस्थान के टोंक जिले से भी करीब 700 श्रद्धालु समागम में भाग लेने जा रहे हैं।

सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज एवं निरंकारी राजपिता रमित जी की पावन छत्रछाया में आयोजित होने वाले इस संत समागम का उद्देश्य ब्रह्मज्ञान, भक्ति, प्रेम, सेवा और आध्यात्मिक जागृति का संदेश जन-जन तक पहुंचाना है। समागम में श्रद्धालुओं को सत्संग, भजन और आध्यात्मिक प्रवचनों के माध्यम से मानवता, विश्वबंधुत्व, आपसी सौहार्द और निस्वार्थ सेवा जैसे मूल्यों को जीवन में अपनाने की प्रेरणा मिलेगी।

समागम स्थल पर तैयारियां तेजी से पूरी की जा रही हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विशाल पंडाल बनाए गए हैं। इसके साथ ही अत्याधुनिक एलईडी स्क्रीन लगाई जा रही हैं, ताकि परिसर में मौजूद सभी श्रद्धालु आध्यात्मिक प्रवचनों, भजनों और विचारों को आसानी से देख और सुन सकें। समागम स्थल पर श्रद्धालुओं द्वारा निर्मित भव्य मुख्य स्वागत द्वार भी आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। इसकी कलात्मकता और सुंदर स्वरूप आयोजन की आध्यात्मिक गरिमा को दर्शा रहा है।

संत निरंकारी मंडल के सचिव जोगिंदर सुखीजा ने बताया कि सतगुरु माता जी की प्रेरणा और आशीर्वाद से समागम की व्यवस्थाएं व्यवस्थित रूप से आगे बढ़ रही हैं। सुचारु संचालन, आवागमन और श्रद्धालुओं को आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए पूरे परिसर को चार प्रमुख क्षेत्रों में विभाजित किया गया है। स्वयंसेवक सेवा, समर्पण और सहयोग की भावना से व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देने में जुटे हुए हैं।

यह संत समागम केवल एक वार्षिक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि आत्मिक जागृति, प्रेम, भक्ति और मानवता का संदेश देने वाला आध्यात्मिक मिलन है। आयोजकों ने सभी श्रद्धालुओं का समागम में शामिल होने के लिए स्वागत किया है।