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मध्य प्रदेश: घोड़ाखेड़ा में जलभराव से स्कूल जाने का रास्ता बंद, ग्रामीणों ने प्रशासन से लगाई गुहार
- Photo by : social media
संक्षेप
मध्य प्रदेश: रतलाम बाजना जिले के बाजना क्षेत्र के घोड़ाखेड़ा गांव में बारिश के बाद रास्ते पर जलभराव होने से ग्रामीणों और स्कूली बच्चों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
विस्तार
मध्य प्रदेश: रतलाम बाजना जिले के बाजना क्षेत्र के घोड़ाखेड़ा गांव में बारिश के बाद रास्ते पर जलभराव होने से ग्रामीणों और स्कूली बच्चों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव से स्कूल की ओर जाने वाले रास्ते पर नाले का पानी भर गया है, जिसके कारण बच्चों का स्कूल तक पहुंचना मुश्किल हो गया है। ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द से जल्द रास्ते की समस्या का समाधान कराने की मांग की है। ग्रामीणों के अनुसार, मकनपुर और घोड़ाखेड़ा के बीच आने-जाने वाले मार्ग पर बारिश का पानी जमा हो गया है। कई स्थानों पर रास्ते की स्थिति इतनी खराब है कि पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है। सबसे ज्यादा परेशानी छोटे बच्चों को हो रही है, जिन्हें इसी रास्ते से होकर स्कूल जाना पड़ता है। जलभराव के कारण बच्चों के फिसलने और किसी अप्रिय घटना की आशंका भी बनी हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने समस्या को लेकर संबंधित जनप्रतिनिधियों और पंचायत स्तर के अधिकारियों को कई बार जानकारी दी। घोड़ाखेड़ा पंचायत के सरपंच लक्ष्मण मुनिया से भी रास्ते की समस्या को लेकर संपर्क किया गया, लेकिन ग्रामीणों के मुताबिक अभी तक समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। ग्रामीणों ने बताया कि उन्होंने हेल्पलाइन के माध्यम से भोपाल स्तर पर भी शिकायत दर्ज कराई है। उनका आरोप है कि शिकायत करने के बाद उन्हें शिकायत वापस लेने के लिए दबाव और धमकी दिए जाने की बात सामने आई है। ग्रामीणों ने इस मामले में निष्पक्ष जांच और सुरक्षा की मांग भी की है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि घोड़ाखेड़ा क्षेत्र में जलभराव की समस्या का तत्काल समाधान कराया जाए और स्कूल जाने वाले बच्चों के लिए सुरक्षित रास्ते की व्यवस्था की जाए। उनका कहना है कि जब तक पानी की निकासी और सड़क की व्यवस्था नहीं होती, तब तक बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होती रहेगी। ग्रामीणों ने प्रशासन से नाले की सफाई, जल निकासी की उचित व्यवस्था और रास्ते को दुरुस्त कराने की मांग की है। उनका कहना है कि समस्या का जल्द समाधान होने से गांव के लोगों के साथ-साथ आसपास के क्षेत्र से आने-जाने वाले लोगों को भी राहत मिलेगी।